नयी दिल्ली- उच्चतम न्यायालय ने गुरुवार को राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद की कक्षा आठ की सामाजिक विज्ञान की उस पाठ्यपुस्तक के पुनर्मुद्रण और डिजिटल प्रसार पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का आदेश दिया है, जिसमें न्यायपालिका में भ्रष्टाचार का संदर्भ दिया गया था। न्यायालय ने प्रचलन में मौजूद किताबों की प्रतियों को तुरंत जब्त करने का निर्देश दिया और इस संबंध में दो सप्ताह के भीतर अनुपालन रिपोर्ट मांगी। न्यायालय ने अपने आदेश में स्पष्ट किया कि यह एनसीईआरटी के निदेशक और उन सभी स्कूलों के प्रधानाचार्यों की व्यक्तिगत जिम्मेदारी होगी जहां यह किताब पहुंची है। उन्हें अपने परिसर में मौजूद किताब की सभी प्रतियों को तुरंत जब्त कर सील करना होगा। शीर्ष अदालत ने यह भी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि संबंधित पुस्तक के आधार पर छात्रों को कोई निर्देश या शिक्षा न दी जाए। सभी राज्यों के मुख्य सचिवों को इस आदेश का पालन करने और दो सप्ताह के भीतर रिपोर्ट भेजने को कहा गया है।

मुजफ्फरनगर में एडीएम वित्त-राजस्व बदले, यूपी में 84 अफसरों के तबादले
उत्तर प्रदेश/मुजफ्फरनगर। उत्तर प्रदेश शासन ने प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए 84 अधिकारियों की तबादला सूची जारी कर दी है। इस सूची में अपर जिलाधिकारी, अपर नगर आयुक्त, नगर मजिस्ट्रेट, विकास प्राधिकरणों के सचिव, विभिन्न विभागों में तैनात अधिकारी और कई जिलों के प्रशासनिक अफसर शामिल हैं। इस फेरबदल में मुजफ्फरनगर के अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के पद पर तैनात गजेंद्र कुमार का तबादला कर उन्हें अपर जिलाधिकारी नगर, गोरखपुर बनाया गया है। वहीं प्रयागराज विकास प्राधिकरण के सचिव अजीत कुमार सिंह को मुजफ्फरनगर का नया एडीएम वित्त एवं राजस्व नियुक्त किया गया है। इस तबादला सूची में केवल मुजफ्फरनगर ही नहीं, बल्कि वाराणसी, गोरखपुर, प्रयागराज, आगरा,





